ढलती उम्र में मां बनने का सपना पूरा करने की कारगर तकनीक, 32 से 40 साल की उम्र के बीच फ्रीज करवा सकते हैं अंडे

लाइफस्टाइल में बदलाव, पढ़ाई व कॅरिअर के बदलते माहौल और देर से शादी होने की वजह से कंसीव करनेकी उम्र बढ़ती जा रही है। कई युवतियां एक निश्चित उम्र तक सही पार्टनर न मिल पाने की वजह से भी सिंगल रह जाती हैं।

फिर सही पार्टनर मिल जाने पर जब शादी होती है तो कंसीव कर पाने की उम्र लगभग निकल जाती है।इन महिलाओं द्वारा बढ़ती उम्र में कंसीव करने का सपना सच करने में फर्टिलिटी प्रिजर्वेशन तकनीक ”सोशल एग फ्रीजिंग” कारगर साबित हो रही है।

तेजी से अपनाया जा रहा है
हमारे समाज में लोगों की आधुनिक होतीसोच की वजह से इस तकनीक को तेजी से अपनाया जा रहा है।मेट्रो सिटीज के अलावा छोटे शहरों में भी एग फ्रीजिंग का ट्रेंड चल रहा है।

गुड़गांव के क्लाउडिन ग्रुप ऑफ हॉस्पिटल की क्लीनिकल डायरेक्टर, फर्टिलिटी डॉ. बीना मुकेश इस बारे में बताती हैं कि महिलाओं में बढ़ती उम्र में फर्टिलिटी प्रॉब्लम को रोकने में ये तकनीक इफेक्टिव है।

परिपक्व अंडे निकाले जाते हैं

सोशल एग फ्रीजिंग के तहत अंडाशय से परिपक्व अंडे निकाले जाते हैं। फिर इन्हेंफ्रीज करके भविष्य में उपयोग के लिए रख दिया जाता है। इस प्रकार फ्रीज हुए अंडो को जरूरतपड़ने पर प्रयोगशाला में शुक्राणु के साथ मिलाया जाता है।

ये तकनीक महिलाओं के लिए उस समय कारगर हो जाती है जब उम्र अधिक होने पर एकमहिला अपने पार्टनर से खुद की संतान चाहती है। कई बार स्पर्म डोनर के साथ भी इन अंडों को इस्तेमाल में लाया जाता है।

सपने को पूरा करने में मददगार

कई बार जब महिलाएं 40 की उम्र के बाद मां बनना चाहती हैं तो यही स्टोरिंग एग मां बनने के सपने को पूरा करने में उनकी मदद करते हैं।

गौरतलब है किमहिलाओं की फर्टिलिटी को बनाए रखने में जितना महत्व अंडों की निश्चित संख्या का है, उतना ही उनकी गुणवत्ता का भी है।

जॉबकी चाहत में मां नहीं बनपाती

एग क्वालिटी से पैदा होनेवाले शिशु के सामान्य या असामान्य होने का पता चलता है। जैसे-जैसे महिलाओं की उम्र बढ़ती है, अंडों में पाए जाने वाले डीएनए कम होते जाते हैं।

कई महिलाएं मां बनने की सही उम्र होने पर भी परिवार में बढ़ते तनाव या अन्य परेशानियों के चलतेमां नहीं बनपाती हैं। इन महिलाओं के लिए उम्र बढ़ जाने पर भी कंसीव करनाएग फ्रीजिंग जैसी तकनीक से सहारे संभव हो सकता है।

केनेडियन फर्टिलिटी और एंड्रोलॉजी सोसायटी ने 2014 में एग फ्रीजिंग को अधिक उम्र में मां बनने का सपना पूरा करने का कारगरतरीका बताया है।

किसी वरदान से कम नहीं है

फर्टिलिटी एंग्जाइटी को कम करने का यह तरीका उन महिलाओं को सबसे अधिक प्रभावित करता है जो 30-40 की उम्र कार्पोरेट कल्चर में ऊंचाईयां पानेमें बिताती हैं। चालीस के बाद संतान की चाहत को पूरा करने में यह तकनीक उनके लिए किसी वरदान से कम नहीं है।

एग फ्रीज करवाने की सही उम्र
आमतौर पर महिलाओं को 32 से 36 साल की उम्र के बीच अपने एग फ्रीज करवाना चाहिए। अगर आप ऐसा नहीं कर पाती तो 40 की उम्र तक भी अपने एगफ्रीज करवा सकती हैं।

इस तकनीक की मदद से एक या दो साइकिल में अंडों की ज्यादा तादाद फ्रीज हो जाती है। एक आईवीएफ लैब में ये अंडे कम से कम पांच साल तक सुरक्षित रह सकते हैं।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Effective technique of fulfilling the dream of becoming a mother at the age of waning, eggs can freeze between 32 and 40 years of age

Powered by WPeMatico

%d bloggers like this: