Our website is made possible by displaying online advertisements to our visitors. Please consider supporting us by whitelisting our website.

24 घंटे में शहर के 3 लोगों की कोरोना से हुई मौत, सभी की उम्र 50 से ऊपर


शहर में पिछले 24 घंटे में तीन लोगों ने कोरोना से दम तोड़ दिया। इस मामले में खास बात यह है कि जिन तीन लोगों की मौत कोरोना से हुई है उनका इलाज करने का समय ही डाॅक्टरों को नहीं मिल पाया। इसके अलावा एक खास बात यह है कि मरने वाले तीन पॉजिटिव में एक महिला समेत दो पुरुषों की उम्र 50 साल के ऊपर थी।
अफसरों से मिली जानकारी के अनुसार शुक्रवार की शाम धरमपुरा इलाके में रहने वाली एक महिला को इलाज के लिए महारानी हाॅस्पिटल लाया गया था। महिला की उम्र करीब 75 साल थी। महिला ने हाॅस्पिटल पहुंचने के बाद दम तोड़ दिया। महिला की एंटीजेन रिपोर्ट पॉजिटिव मिली थी। इसी तरह से लालबाग पीटीएस में रहने वाले एक 61 वर्षीय बुजुर्ग ने भी दम तोड़ दिया है, वे भी कोरोना पॉजिटिव थे। वहीं अवंतिका कॉलोनी में रहने वाले 61 वर्षीय बुजुर्ग की तबीयत खराब होने के बाद उन्हें महारानी हाॅस्पिटल लाया गया। यहां वे एंटीजेन में पॉजिटिव निकले। इसके बाद उन्हें इलाज के लिए मेकाॅज रेफर किया गया। इसी बीच उन्होंने रास्ते में दम तोड़ दिया। 24 घंटे में तीन कोरोना मरीजों की मौत के बाद अब कोरोना को लेकर लोगों में थोड़ा डर और बढ़ गया है।
इधर इन तीन मौतों के बाद अब जिले में कोरोना से मरने वाले लोगों की संख्या 15 हो गई है। हर दूसरे दिन शहर व उसके आसपास के इलाके के किसी न किसी कोरोना पॉजिटिव मरीज की मौत हो रही है। हालांकि डाॅक्टरों का कहना है कि जिन लोगों की मौत हो रही है उनको कई दूसरी बीमारियों ने घेरा हुआ था। इधर कोरोना संक्रमितों की मौत के बाद उनके शवों के अंतिम संस्कार की व्यवस्था प्रशासनिक अफसरों की देखरेख में पूरी सुरक्षा के साथ की जा रही है। धरमपुरा इलाके में रहने वाली महिला के शव को स्थानीय मुस्लिम कब्रिस्तान में पूरी सुरक्षा के साथ सुपुर्दे खाक किया गया।

संभाग में 287 पॉजिटिव और मिले, बस्तर में एसडीओपी, डाॅक्टर समेत 40 संक्रमित
जगदलपुर| कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है। शनिवार को बस्तर जिले में ही 40 नए मरीज मिले हैं। इनमें पुलिस विभाग में तैनात एक एसडीओपी, मेकॉज के एक बड़े डाॅक्टर भी शामिल हैं। इसके अलावा संभाग के सुकमा जिले से 57, बीजापुर से 37, नारायणपुर से 26, कोंडागांव से 42 और दंतेवाड़ा से 41 व कांकेर से 44 नए संक्रमित मरीज मिले हैं। ओवरआल बस्तर संभाग में 287 नए मरीज मरीज मिले हैं। बस्तर जिले में जो 40 नए मरीज मिले हैं उनमें बकावंड से 19, डिमरापाल से 11, महारानी हॉस्पिटल से 6 और नानगुर के कोविड सैंपल सेंटर से 4 पॉजिटिव शामिल हैं। जिन-जिन इलाकों में नए कोरोना पॉजिटिव मरीज मिले हैं उन इलाकों को कंटेनमेंट जोन में शामिल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके अलावा पॉजिटिव मरीजों को लक्षण के हिसाब से अलग-अलग हॉस्पिटल, आइसोलेशन सेंटर और होम आइसोलेशन में रखा जा रहा है। गौरतलब है कि अभी पॉजिटिव मरीज जिनमें कोरोना के कोई विशेष लक्षण नहीं हैं उन्हें होम क्वारेंटाइन करने की अनुमति भी दे दी गई है और किसी भी एमबीबीएस डाॅक्टर चाहे वह सरकारी डाॅक्टर हो या निजी क्लिनिक चलाते हों उन्हें कोरोना पॉजिटिव मरीजों का इलाज करने की इजाजत दी गई है।

टेक्नीशियन संक्रमित, ट्रू-नॉट टेस्टिंग लैब बंद
नकुलनार| जिला मुख्यालय में सप्ताहभर पहले ट्रू-नॉट लैब की शुरुआत की गई थी। सप्ताहभर में यहां 41 टेस्ट किए गए, जिसमें से दस केस पाॅजिटिव पाए गए। इस बीच शुक्रवार की शाम इसी लैब का एक टेक्नीशियन कोरोना संक्रमित पाया गया, जिसके बाद लैब में कार्यरत अन्य कर्मचारियों को भी क्वारेंटाइन किया गया है। इसके चलते ट्रू-नॉट लैब काे अभी बंद कर दिया गया है। इस लैब में कर्मचारियों के लिए किसी भी प्रकार की व्यवस्थाएं नहीं हैं और उन्हें तीन माह से वेतन भी नहीं मिला है। सीएमएचओ डॉ. एसपीएस शांडिल्य की मानें तो एक कर्मचारी संक्रमित पाए जाने की वजह से सभी कर्मचारियों को एहतियातन क्वारेंटाइन किया गया है। शनिवार को एक भी टेस्ट नहीं हुआ। जल्द ही अन्य टेक्नीशियनों से काम जारी रखा जाएगा।

Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today

Powered by WPeMatico

%d bloggers like this: