Our website is made possible by displaying online advertisements to our visitors. Please consider supporting us by whitelisting our website.

मेडिकल कॉलेजों में एडमीशन के लिए आज करीब 15 लाख स्टूडेंट्स देंगे NEET, एग्जाम से एक दिन पहले तमिलनाडु में 3 छात्रों ने खुदकुशी की


देशभर में आज मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन के लिए नेशनल एलिजिबिलिटी-कम-एंट्रेंस टेस्ट (NEET) होगी। परीक्षा में करीब 15 लाख छात्रों के बैठने की उम्मीद है। लेकिन, परीक्षा से पहले शनिवार को ही तमिलनाडु में खुदकुशी के तीन मामले सामने आए हैं। इसके बाद NEET का विरोध शुरू हो गया है।

परीक्षा के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखने के लिए एग्जाम सेंटर्स की संख्या 2,546 से बढ़ाकर 3,843 कर दी गई है। हर रूम में अब केवल 12 कैंडिडेट ही परीक्षा देंगे, पहले यह संख्या 24 थी। कोरोना के चलते यह परीक्षा पहले ही दो बार टाली जा चुकी है। पहले यह एग्जाम 3 मई को होने थे, फिर इसे 26 जुलाई के लिए टाला गया और अब ये परीक्षा आज यानी 13 सितंबर को हो रही है।

तमिलनाडु में खुदकुशी के बाद NEET का विरोध
नीट से पहले ही शनिवार को तमिलनाडु में मेडिकल की पढ़ाई करने वाले छात्रों ने खुदकुशी कर ली। इसके बाद से ही नीट का विरोध शुरू हो गया। धर्मपुरी, मदुरई और नमक्कल में एक लड़की और दो लड़कों ने खुदकुशी कर ली। इनकी उम्र 19 से 21 साल के बीच है। नमक्कल में मोतीलाल ने खुदकुशी कर ली। बताया जा रहा है कि वह पहले दो बार NEET दे चुका था।

मदुरई में सब इंस्पेक्टर की बेटी ज्योतिश्री दुर्गा ने खुदकुशी कर ली। पुलिस ने बताया कि परिवार को उसके मेडिकल इंट्रेंस को लेकर बहुत उम्मीदें थीं, पर लड़की परीक्षा को लेकर डरी हुई थी। धर्मपुरी में खुदकुशी करने वाले आदित्य ने पिछले साल नीट दी थी, लेकिन वह क्लियर नहीं कर पाया था। तब से ही वह इस साल परीक्षा देने की तैयारी कर रहा था।

तमिलनाडु में खुदकुशी की घटनाओं के बाद एक बार फिर से नीट का विरोध शुरू हो गया। सोशल मीडिया पर भी इसका विरोध किया गया। नीट में असफल होने पर तमिलनाडु में खुदकुशी का पहला मामला 2017 में सामने आया था। तब अरैयालुर में अनीता नाम की लड़की ने नीट क्लियर ना कर पाने पर खुदकुशी कर ली थी।

NEET के लिए एसओपी
सोशल डिस्टेंसिंग के लिए छह फीट दूरी रखनी होगी। कैंडिडेट्स 3 लेयर वाले मॉस्क और ग्लब्स पहनेंगे।
कोरोना पॉजिटिव ना होने का एफिडेविट देना होगा। एंट्री से पहले थर्मल स्कैनिंग की जाएगी।
बुखार, सर्दी, खांसी वाले छात्र या किसी अन्य कर्मी को एग्जाम सेंटर में एंट्री नहीं मिलेगी।
स्टूडेंट एक-दूसरे से पेन या पेंसिल नहीं ले सकेंगे। घर से सादे कागज पर अंगूठे का निशान लगाकर लाना होगा।

ड्रेस कोड
स्टूडेंट्स को जींस, सलवार सूट, कुर्ता, लंबी स्कर्ट, पतलून, टी-शर्ट, शर्ट पहनने की इजाजत दी गई है।
फुल स्लीव शर्ट, बड़े बटन वाले कपड़े नहीं पहन सकते हैं।
जूते नहीं पहन सकते, खुले पैर की सैंडल या चप्पल पहनना होगा। ज्वेलरी पहनने की इजाजत नहीं है।
केवल धर्म से जुड़ी चुनिंदा ज्वेलरी पहनने की इजाजत है।

आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें


कोरोना के चलते हर रूम में अब केवल 12 कैंडिडेट ही परीक्षा देंगे, पहले यह संख्या 24 थी। – फाइल फोटो

Powered by WPeMatico

%d bloggers like this: