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कोरोना से संक्रमण का सबसे ज्यादा खतरा बुजुर्गों को, खानपान में ये 5 बदलाव करके बढ़ती उम्र के असर को घटाया जा सकता है और बड़ी बीमारियों से बच सकते हैं


दुनिया भर में फैली कोरोना महामारी से बुजुर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। अमेरिकी संस्था सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (सीडीसी) की 11 सितंबर को प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका में कोरोनावायरस के संक्रमण से मरने वाले हर 10 में 8 लोगों की उम्र 65 वर्ष से अधिक है। यानी 80% मौतें बुजुर्गों की हो रही हैं।

यूनाइडेट नेशन की मई 2020 में प्रकाशित रिपोर्ट कहती है, कोरोनावायरस से दुनिया भर में हो रही कुल मौतों में बुजुर्गों की मौत 5 गुना ज्यादा हो रही है। सीडीसी के अनुसार, जैसे-जैसे व्यक्ति की उम्र बढ़ती जाती है, उसके लिए संक्रमित होने के खतरे बढ़ते जाते हैं। इतना ही नहीं, लाइफस्टाइल डिजीज से भी प्रभावित होने के कारण उनके लिए सेहत से जुड़े खतरे ज्यादा होते हैं।

गोवा के सीनियर कंसल्टेंट इंटरनल मेडिसिन एंड जेरिएट्रिक मेडिसिन एक्सपर्ट डॉ. मिलिंद देसाई बता रहे हैं, बुजुर्ग खानपान में बदलाव करके कैसे बढ़ती उम्र के असर को कम कर सकते हैं।

बुजुर्गों को होने वाली बड़ी बीमारियां
बुजुर्गों में संक्रमण, हृदय रोग, डायबिटीज, क्रोनिक डिसीज जैसे कि किडनी, फेफड़ों से जुड़ी बीमारियां प्रमुख हैं, लेकिन इन्हें ये तीन समस्याएं अधिक होती हैं।

  • कमजोर याददाश्त: इसे अल्जाइमर्स कहते हैं। इसके अलावा डेलीरियम नामक बीमारी भ्रम पैदा करती है।
  • कमजोर हडि्डयां: हडि्डयों के कमजोर होने से उनके आसानी से टूटने, पॉश्चर में बदलाव, हडि्डयों के झुकने आदि की समस्याएं होती हैं। इससे जीवन की गुणवत्ता घटती है।
  • संक्रमण और डिप्रेशन: बुजुर्गों में संक्रमण सबसे आम है। उन्हें हृदय, किडनी रोग, गठिया आसानी से हो जाते हैं। बीमारियों और अक्षमताओं के चलते डिप्रेशन और मानसिक रोग हो जाते हैं।

इन 5 फूड को छोड़िए, एजिंग की रफ्तार घटेगी
1. तेज आंच में बना खाना
अधिक तेज आंच में खाना बनाने से बचें। तेज आंच में तेज आंच में तेल खासकर, सूरजमुखी का तेल फ्री रेडिकल्स छोड़ते हैं। ऐसा नहीं है कि ये तेल पूरी तरह हानिकारक हैं। खाद्य तेलों में आप ऑलिव ऑइल का इस्तेमाल करते हैं तो यह एंटी ऑक्सीडेंट्स, विटामिन ई जैसे तत्वों से भरपूर होता है, जो स्किन को हाइड्रेटेड रखते हैं।

2. सोडा और कॉफी
दोनों में बड़ी मात्रा में कैफीन पाया जाता है, जिनका निरंतर उपयोग करने से नींद प्रभावित होती है। कमजोर नींद का उम्र बढ़ने की प्रक्रिया से सीधा संबंध है। इससे झुर्रियां और आंखों के नीचे डार्क सर्किल भी होते हैं। कॉफी के बजाय गोल्डन मिल्क (हल्दी का दूध) इस्तेमाल कर सकते हैं।

3. व्हाइट ब्रेड
रिफाइन कॉर्ब्स और प्रोटीन का जब एक साथ उपयोग किया जाता है तो असर नकारात्मक होता है। इससे क्रोनिक डिजीज और उम्र बढ़ने की प्रक्रिया के लिए सीधे जिम्मेदार हैं। इसके बजाय ग्रेन ब्रेड्स का उपयोग किया जाना चाहिए, इसके एंटीऑक्सीडेंट्स त्वचा के लिए फायदेमंद हैं।

4. अल्कोहल

अगर शराब का इस्तेमाल कर रहे हैं तो इसे छोड़ने की कोशिश करिए। या फिर इस्तेमाल बेहद सीमित कर दीजिए। यह शरीर के पोषण और विटामिन-A के लेवल को घटा देती है। इस विटामिन का सीधा संबंध शरीर की झुर्रियों से हैं। शराब से स्किन संबंधी दूसरी समस्याएं भी हो सकती हैं।

5. शक्कर
चीनी का उपयोग शरीर को कई तरह से नुकसान पहुंचाता है। सूरज की रोशनी में चीनी उम्र बढ़ाने की प्रक्रिया को और तेज कर देती है। इसलिए धूप में आइसक्रीम खाने के बजाय हमें फ्रूट्स को ज्यादा तरजीह देनी चाहिए। भले ही वे फ्रोजन क्यों ना हों। शक्कर की जगह शहद को रिप्लेसमेंट के तौर पर इस्तेमाल करें।

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5 tips for older person know how to stop ageing in older person in coronavirus pandemic

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