ब्रेकिंग:अतिक्रमणकारियो ने सरकारी वाहन में किया तोड़फोड़, वन कर्मियों पर हमला, बनाया बंधक..भारी पुलिस बल पहुची, वन कर्मियों को छुड़ाया गया..

 गरियाबंद । गरियाबंद से एक बड़ी खबर आ रही है वन गांव में अतिक्रमण हटाने गए वन अमले पर 70 से ज्यादा अतिक्रमणकारियों ने हमला कर सरकारी वाहन में तोड़-फोड़ कर दस वन कर्मियों को बंधक बना लिया. घटना की खबर पर हथियार बंद पुलिस दल मौके पर पहुंच कर मामले की जांच कर रही है.वन कर्मी सकुशल वापस आ गए है.

गरियाबंद से लगे गांव छैला में हुए अतिक्रमण को दो माह पहले वन विभाग ने हटाया था, लेकिन घुमरापदर के सुकलाल कमार के नेतृत्व में वहां 30 से भी ज्यादा परिवार ने फिर से अतिक्रमण शुरू कर दिया था, छैला के ग्रामीणों ने वन विभाग को लिखित ज्ञापन देकर अतिक्रमित स्थलों पर पौधारोपण करने की मांग की थी. ग्रामीणों की मांग पर विभाग पौधरोपण की तैयारी शुरू कर दिया था. इसी क्रम में कक्ष क्रमांक 1288 में 60 हेक्टेयर भूमि पर पौधरोपण किया जा रहा था, लेकिन पखवाड़े भर पहले सुकलाल के नेतृत्व घुमरापदर के अतिक्रमणकारियों ने इसका विरोध शुरू कर दिया था. सुकलाल ने बाकायदा स्थल पर सूचना बोर्ड लगा दिया है, जिसमें मजिस्ट्रेट के समक्ष जुर्माना पटाने की बात कहते हुए दूसरों के लिए बिना अनुमति के प्रवेश वर्जित बता दिया है.

शुक्रवार को जैसे ही देवभोग के प्रभारी रेंजर महादेव कन्नौजे वन व पुलिस के संयुक्त अमले के साथ छैला पहुंचे और गढ्ढे का काम शुरू किया तो पहले से 60-70 की संख्या में मौजूद ग्रामीणों ने पहले तो हंगामा किया फिर हमला करने पर उतारू हो गए. रेंजर के सरकारी वाहन में भी तोड़-फोड़ किया गया है. वहीं 10 से ज्यादा कर्मियों को रोपनी स्थल पर बंधक बना दिया गया है. सूचना मिलने पर अमलीपदर पुलिस मौके पर पहुंच गई है. अतिक्रमणकारियों ने पुलिस पर भी हमला करने की कोशिश की. रेंजर कन्नौजे ने बताया कि फिलहाल उनका पूरा अमला सुरक्षित स्थान पर पहुंच गया है.

The post ब्रेकिंग:अतिक्रमणकारियो ने सरकारी वाहन में किया तोड़फोड़, वन कर्मियों पर हमला, बनाया बंधक..भारी पुलिस बल पहुची, वन कर्मियों को छुड़ाया गया.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

IIT से कम नहीं LPU, जानिए कैसे

भारतीय शिक्षा के क्षेत्र में अलग व विशेष ढंग से उभरकर सामने आया लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू ) देश का एक ऐसा विशिष्ट संस्थान हैं जो इंजीनियरिंग की पढ़ाई के लिए किसी भी तरह से आईआईटी से कम नहीं है | यह न केवल इंजीनियरिंग अपितु अन्य प्रोग्रामों के लिए भी श्रेष्ठ संस्थान है। एलपीयू की सबसे बड़ी ताकत है इसके विद्यार्थियों की बेहतरीन प्लेसमेंट्स।

अपनी इसी क्वालिटी के चलते, और इसी तर्ज पर यूनिवर्सिटी में बीटेक कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग की तृतीय वर्ष की होनहार छात्रा तान्या अरोड़ा को, बीते वर्ष 2019 के अंत में , टॉप कम्पनी माइक्रोसॉफ्ट में 42 लाख रुपये की जॉब पर सिलेक्शन हुई है, जबकि अभी उसने अपनी पढ़ाई भी पूरी नहीं की है । साल 2019 में यह इंजीनियरिंग क्षेत्र में किसी भी फ्रेशर को मिलने वाला सबसे बड़ा ऑफर है। इस तरह पिछले तीन वर्षों से लगातार एलपीयू ने अपने विद्यार्थियों की रिकॉर्ड प्लेसमेंट देखी है, और अब तान्या को मिली अनुपम ऑफर से एलपीयू ने उत्तर भारत में प्लेसमेंट रिकॉर्ड में एक और सितारा जड़ा है।

अपनी जन्मस्थली देहरादून से कोसों दूर आकर एलपीयू में पढ़ाई को प्राथिमकता देने वाली तान्या अरोड़ा गर्व से बताती है कि उसे मिली सफलता का श्रेय एलपीयू , इसके टीचर्स व स्पेशल मेंटर्स को ही जाता है जो अपने बेहतर प्रयासों व ट्रेनिंग्स से सभी विद्यार्थियों का शिखर पर पहुँचने के प्रति कुशल मार्गदर्शन करते हैं | “मेरे माता पिता और मेरा एलपीयू में एडमिशन लेने का निर्णय कितना सार्थक रहा है वह आज सबके सामने है|” असल में जिस तरह इस बार तान्या अरोड़ा को बेहतरीन अवसर प्राप्त हुआ है, उसी तरह एलपीयू में एडवांस शिक्षा प्रणाली के चलते तान्या की तरह ही अन्य कई विद्यार्थियों को भी कई उल्लेखनीय प्लेसमेंट के अवसर मिलते रहते हैं।

वास्तव में गूगल, एमेजॉन आदि जैसी बड़ी कंपनियों में एलपीयू के विद्यार्थी एक करोड़ रूपये से भी अधिक के सैलरी पैकेज के साथ उच्च पदवियों पर कार्यरत हैं। अकेले कॉगनीजैंट जैसी कंपनी, जो कि विश्व की तीसरे नंबर की आईटी कंपनी है, ने ही एलपीयू के 1900 विद्यार्थियों को नियुक्त किया। इस तरह विश्व के हर कोने में एलपीयू के विद्यार्थी दिग्गज कंपनियों में कार्यरत हैं। टॉप कंपनियों जैसे कि एमेजॉन, हिंदुस्तान लीवर, माइक्रोसॉफ्ट, एचपी जैसी 110 वे कंपनियां हैं जो आईआईटी से रिक्रूट करने के साथ-साथ एलपीयू से भी रिक्रूट करती हैं।

एलपीयू अपनी स्थापना से लेकर अब तक हमेशा ही बेहतरीन प्लेसमेंट और टाइम के अनुरूप इनोवेटिव एजुकेशन के लिए जाना जाता है| इसका मुख्य कारण एलपीयू द्वारा इंडस्ट्री की आवश्यकताओं के अनुरूप तालमेल बनाए रखना और उनमे निरंतर बदलाव करते रहना भी है। एलपीयू विद्यार्थियों में इंटरप्रेन्योरशिप को बढ़ावा देने के साथ-साथ अपने विद्यार्थियों की रिसर्च स्किल्स को भी मजबूत करता है जिसकी बदौलत ये संस्थान हमेशा अपने स्टूडेंट्स के लिए इंडस्ट्री व समाज में बेहतर मुकाम को सुनिश्चित कर पाता है। कॉर्पोरेट क्षेत्र के साथ एक मजबूत और सार्थक इंटरफ़ेस होने की वजह से आए दिन यूनिवर्सिटी में बड़ी संख्या में हाई प्रोफाइलड प्रोफेशनल नियमित रूप से विद्यार्थियों के साथ अपनी एक्सपर्टीज़ शेयर करते हैं और स्टूडेंट्स को बेहतर इंडस्ट्री एजुकेशन देने के लिए इवेल्यूवेशन प्रोसेस के माध्यम से तैयार करते हैं। इन्हीं सब सुविधाओं के चलते विद्यार्थी नामी-गिरामी इंडस्ट्री के लाइव प्रोजेक्ट्स पर काम करने के अवसर भी प्राप्त करते हैं।


इस विडियो की मदद से देखें तान्या की इस सफलता का सफर –

एलपीयू में शिक्षा प्रदान कर रहे 3600 से अधिक फैकल्टी मेंबर्स देश-विदेश के उच्च संस्थानों से सिलेक्ट किए गए हैं। बहुत-से फैकल्टी मेंबर आईआईटी, एनआईटी और विख्यात इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी जैसे कि हॉवर्ड, स्टेनफोर्ड से भी हैं। एलपीयू में पढ़ाई केवल किताबों के द्वारा ही नहीं होती अपितु विद्यार्थी एक्सपेरिमेंट्स के द्वारा स्वंय प्रयोगात्मक ढंग से सीखते हैं । यहां पर मेकैनिकल इंजीनियरिंग विभाग के विद्यार्थी स्वयं कार बनाते हैं; कंप्यूटर साईंस विभाग में विद्यार्थियों के लिए कोर्स के अनसुार मोबाईल ऐप बनाना अनिवार्य है;और, फैशन टैक्नोलॉजी के विद्यार्थी राष्ट्रीय व अंतराष्ट्रीय स्तर के फैशन शो भीआयोजित करते रहते हैं। वास्तव में, यहां पर हर क्षेत्र के विद्यार्थी को पढ़ाई उसके प्रोग्राम के अनुरूप प्रैक्टीकल ढंग से ही करवाई जाती है।

वैसे भी अब एल पी यू अपनी कई खूबियों के कारण समूचे देश ही नहीं अपितु विदेश में भी हर क्षेत्र के मेधावी विद्यार्थियों लिए बेस्ट च्वॉइस बन गया है| अगर विद्यार्थियों को आईआईटी में प्रवेश न मिल सके तो ऐसा नहीं है कि वे किसी अन्य उच्चकोटि के शिक्षण संस्थान से अपना इंजीनयरिंग कॅरियर शुरू ही नहीं कर सकते। ऐसे में अपने चहुंमुखी विकास के लिए विद्यार्थी एलपीयू को ही प्राथमिकता देते हैं क्योंकि 600 एकड़ से अधिक में फैला हुआ एलपीयू का कैंपस किसी भी शहर से कम नहीं है और इसे टाउनशिप यूनिवर्सिटी के नाम से भी जाना जाता है| यहां एक ही कैंपस पर आधुनिक लैबस, स्मार्ट क्लास रूम्स , देश का सबसे बड़ा ऑडिटोरियम , ओलिंपिक स्तर पर तैयार स्पोर्ट्स काम्प्लेक्स,बहुमंजिला लाइब्रेरी, शॉपिंग मॉल,अस्पताल, बैंक्स, पोस्ट ऑफिस और यहां तक कि यूनिवर्सिटी का अपना होटल भी है। इसका अस्पताल विद्यार्थियों के स्वास्थय की देखभाल के लिए परिसर में ही फॉर्मेसी केंद्र के साथ चौबीसों घंटों खुला रहता है ।

एलपीयू कैंपस में भारत के सभी राज्यों व केंद्र शाषित प्रदेशों तथा 70 से अधिक देशों से आकर 30,000 से अधिक विद्यार्थी विभिन्न संस्कृतियों, भाषाओं, पहरावों, परंपराओं व रीति-रिवाजों के मध्य रहते हुए एक-दूसरे से मिलजुल कर रहना,ज्ञानप्रद व व्यवहारिक बातें आदि सीखते रहतें हैं, ताकि वे भविष्य में वैश्विक नागरिक बन कर उभरें और विश्व भर में मानवता के लिए अपना अनूठा स्थान निश्चित कर सकें । साथ-साथ यूनिवर्सिटी में विद्यार्थियों की ओवर ऑल पर्सनैलिटी डेवपलमेंट पर भी पूरा ध्यान दिया जाता है। यूनिवर्सिटी में 150 से भी अधिक सोसाइटियां हैं जिन्हें विद्यार्थी अपने टैलेंट अनुसार ज्वाइन कर सकता है- जैसे कि, डांस, म्यूजिक, थिएटर, लिटरेरी, रोबोटिक्स, योगा तथा क्रिकेट, बॉस्केटबॉल जैसी बहुत सी स्पोर्टस गतिविधियां आदि।


देश के सभी मेधावी विद्यार्थियों को एक अच्छी यूनिवर्सिटी में पढ़ने का मौका मिल सके और कहीं वे किसी आर्थिक कारण से पिछड़ न जाएं, इसलिए एल पी यू में दाखिले के समय यूनिवर्सिटी का ही स्कॉलरशिप टेस्ट ‘एलपीयू नैस्ट ’ भी लिया जाता है | वास्तव में, एलपीयू के प्रतिष्ठित प्रोग्राम्स में दाखिला विश्वविद्यालय की खुद की प्रवेश परीक्षा-एलपीयूएनईएसटी (एलपीयू नेशनल एंट्रेंस एंड स्कालरशिप टेस्ट) के माध्यम से योग्यता पर आधारित हैं। यूनिवर्सिटी द्वारा यह टेस्ट ऑनलाइन और पूरे भारत में 200 से अधिक शहरों में लिया जाता है। यह विश्वविद्यालय में दाखिला लेने के लिए केवल प्रवेश परीक्षा ही नहीं है, बल्कि यह छात्रवृत्ति भी प्रदान करता है। परीक्षण में प्रदर्शन के आधार पर, विद्यार्थी 4.3 लाख रुपये तक की स्कालरशिप प्रति विद्यार्थी प्राप्त कर सकते हैं। वर्ष 2020 के प्रवेश के लिए, एलपीयू अप्रैल 2020 में इस टेस्ट का संचालन सीबीएसई के नवीनतम जे ई ई पैटर्न अनुसार करना है|

अधिक जानकरी के क्लिककरें



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
LPU not less than IIT, know how

राजधानी में शुद्ध जल ,साफसफाई का काम पहली प्राथमिकता.. फ़ीडबैक लेकर राजधानी में अच्छा काम किया जायेगा:कमिश्नर सौरभ कुमार

रायपुर।रायपुर नगर निगम के नये कमिश्नर सौरभ कुमार ने कहा शुद्ध जल ,साफसफाई का काम उनके लिए पहली प्राथमिकता होगी।साथ ही निगम के पुराने प्रोजेक्ट को जल्द पूरा किया जाएगा। फ़ीडबैक लिया जाएगा।

आज उन्होंने बताया कि राजधानी में मार्च में पानी की समस्याओं से जनता को दो चार होना पड़ता है सबसे पहले शुद्ध जल की समस्या से रायपुर को निजात दिलाई जाएगी इस दिशा पर काम की जाएगी साथ ही उन्होंने कहा सिटी की साफसफाई की ओर निगम की पहली प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा अभी राजधानी निगम का काम समझ रहा हू ,इसके बाद जल्द से जल्द फीडबैक लेकर काम किया जाएगा।

रायपुर नगर निगम के नये कमिश्नर सौरभ कुमार ने राज्य सरकार के आदेश पर उन्होंने पदभार संभाल लिया। वे 2009 बैच के आईएएस अफसर हैं। सौरभ कुमार महिला एवं बाल विकास विभाग में संयुक्त सचिव के पद सहित स्कूल शिक्षा विभाग के संयुक्त सचिव का अतिरिक्त दायित्व संभाल रहे थे। वे पूर्व में दंतेवाड़ा कलेक्टर एवं बिलासपुर नगर  निगम के कमिश्नर का दायित्व संभाल चुके है।

The post राजधानी में शुद्ध जल ,साफसफाई का काम पहली प्राथमिकता.. फ़ीडबैक लेकर राजधानी में अच्छा काम किया जायेगा:कमिश्नर सौरभ कुमार appeared first on द न्यूज़ हंटर.

वीडियो:राजनांदगांव हाइवे टोल प्लाजा मे विवाद, आक्रोशित भीड़ ने की तोडफ़ोड़..टीआई रहटगांवकर भीड़ की धक्का-मुक्की में नीचे गिरे घायल..

राजनांदगांव। राजनांदगांव शहर से पहले हाइवे में ठाकुरटोला टोल प्लाजा में जमकर विवाद हुआ। आक्रोशित भीड़ ने टोल प्लाजा में तोडफ़ोड़ करते हुए उत्पात मचाया। तोडफ़ोड़ करते भीड़ की चपेट में आकर मौके पर कार्रवाई करने पहुंचे लालबाग थाना टीआई आशीर्वाद रहटगांवकर घायल हो गए। लोगों की धक्का-मुक्की में नीचे गिरने के कारण उनके नाक में चोट लग गई। इधर भीड़ की शक्ल में लोगों ने टोल प्लाजा के कंप्यूटर, सीसीटीवी कैमरे और कांच के केबिन को क्षतिग्रस्त कर दिया।

आक्रोशित भीड़ को खदेडऩे के लिए पुलिस को बल का भी प्रयोग करना पड़ा। लेागों ने बताया टोल प्लाजा बनते वक्त सीजी ०८, राजनंादगांव पासिंग की गाडिय़ों को पहचान दिखाकर गुजरने की अनुमति दी गई थी। उनके लिए अलग लेन भी बनाया गया था, लेकिन नए नियमों को हवाला देकर टोल प्लाजा चलाने वाली कंपनी फास्टटेग का नाम लेकर जबरन टोल वसूल रही है। वहीं राजनांदगांव पासिंग के लिए अलग लेन को भी बंद कर दिया है। जिसके चलते नाराज होकर लोगों ने आज उग्र प्रदर्शन किया। 

The post वीडियो:राजनांदगांव हाइवे टोल प्लाजा मे विवाद, आक्रोशित भीड़ ने की तोडफ़ोड़..टीआई रहटगांवकर भीड़ की धक्का-मुक्की में नीचे गिरे घायल.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

तबादला: IAS रिमिजियुस एक्का छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग के नये सचिव..नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संयुक्त सचिव एक्का को नई जिम्मेदारी..

रायपुर। आईएएस रिमिजियुस एक्का को छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग का नया सचिव बनाया गया है। एक्का 2011 बैच के IAS अफसर हैं और अभी वो नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संयुक्त सचिव हैं। राज्य सरकार ने उन्हें राज्य निर्वाचन आयोग ने नयी जिम्मेदारी दी है।

रिमिजियुस एक्का को राज्य सरकार ने भारतीय प्रशासनिक सेवा के कनिष्ठ प्रशासनिक वेतनमान के संवर्गीय पद के समकक्ष  घोषित किया है।

The post तबादला: IAS रिमिजियुस एक्का छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग के नये सचिव..नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संयुक्त सचिव एक्का को नई जिम्मेदारी.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

विधानसभा के विशेष सत्र के पहले भूपेश कैबिनेट की सीएम निवास में अहम बैठक.. राज्यपाल के अभिभाषण और 126 वे संविधान संशोधन के अनुसमर्थन के प्रस्ताव पर कैबिनेट की मंजूरी..

रायपुर। राज्य सरकार ने 16 जनवरी को विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया है. विधानसभा के विशेष सत्र के पहले भूपेश कैबिनेट की सीएम निवास में अहम बैठक सम्पन्न हुई. कैबिनेट बैठक में राज्यपाल के अभिभाषण को मंजूरी देने के साथ ही 126 वें संविधान संशोधन को अनुसमर्थन देने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई.126 वें संविधान संशोधन के तहत केन्द्र सरकार ने अनुसूचित जाति और जनजाति को आरक्षण देने की सीमा को दस साल बढ़ाने का निर्णय लिया है. इसके तहत संसद के अलावा 50 फीसदी राज्यों का अनुसमर्थन हासिल करना अनिवार्य है.

बैठक के बाद मंत्री रविंद्र चौबे और मंत्री मोहम्मद अकबर ने कहा कि केवल इन्हीं दो प्रस्ताव को मंजूरी देने के लिए  कैबिनेट की बैठक बुलाई गई थी. इन दो प्रस्तावों के अलावा किसी भी मुद्दे पर कैबिनेट में चर्चा नहीं हुई.

The post विधानसभा के विशेष सत्र के पहले भूपेश कैबिनेट की सीएम निवास में अहम बैठक.. राज्यपाल के अभिभाषण और 126 वे संविधान संशोधन के अनुसमर्थन के प्रस्ताव पर कैबिनेट की मंजूरी.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

रायपुर नगर निगम कमिश्नर सौरभ कुमार ने संभाला पदभार..IAS सौरभ दंतेवाड़ा कलेक्टर, बिलासपुर नगर निगम के कमिश्नर का दायित्व संभाल चुके..

रायपुर। रायपुर नगर निगम के नये कमिश्नर सौरभ कुमार ने आज शाम दफ्तर पहुंचकर पदभार संभाल लिया। वे 2009 बैच के आईएएस अफसर हैं।  निवर्तमान आयुक्त शिव अनंत तायल ने उन्हें पदभार सौंपा एवं बुके देकर समस्त निगम अफसरों व कर्मचारियों की ओर से आत्मीय स्वागत किया।
उल्लेखनीय है कि सौरभ कुमार महिला एवं बाल विकास विभाग में संयुक्त सचिव के पद सहित स्कूल शिक्षा विभाग के संयुक्त सचिव का अतिरिक्त दायित्व संभाल रहे थे। वे पूर्व में दंतेवाड़ा कलेक्टर एवं बिलासपुर नगर  निगम के कमिश्नर का दायित्व संभाल चुके है। शासन ने शिव अनंत तायल को बेमेतरा कलेक्टर की जिम्मेदारी सौंपी है।
पदभार ग्रहण के दौरान मुख्य रूप से निगम अपर आयुक्त लोकेश्वर साहू, पुलक भट्टाचार्य, रायपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड के महाप्रबंधक तकनीकी एस.के. सुन्दरानी, सामान्य प्रशासन विभाग के उपायुक्त पी.आर. ध्रुव सहित सभी जोन कमिश्नर उपस्थित थे।

The post रायपुर नगर निगम कमिश्नर सौरभ कुमार ने संभाला पदभार..IAS सौरभ दंतेवाड़ा कलेक्टर, बिलासपुर नगर निगम के कमिश्नर का दायित्व संभाल चुके.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

ब्रेकिंग:पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के बंगले में घटना..मरवाही सदन में कर्मचारी ने लगाई फांसी पुलिस जांच जारी..

पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के बंगले मरवाही सदन में कर्मचारी ने लगाई फांसी

बिलासपुर। मरवाही विधायक व पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के सरकारी आवास मरवाही सदन में आज दोपहर वहां काम करने वाले एक कर्मचारी संतोष कौशिक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की सूचना पर पहुंची सिविल लाइन पुलिस मामले की जांच कर रही है।

 रमतला का रहने वाला संतोष कौशिक (30 वर्ष) पिछले चार सालों से मरवाही सदन में घरेलू काम कर रहा था। आज दोपहर उसने बंगले में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना हुई बंगले में चार कर्मचारी उपस्थित थे। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है। वहीं घटना की सूचना मिलने पर मृतक संतोष कौशिक के परिजन घटनास्थल पर पहुंच गये हैं, और वे रोष भी जता रहे हैं।

The post ब्रेकिंग:पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के बंगले में घटना..मरवाही सदन में कर्मचारी ने लगाई फांसी पुलिस जांच जारी.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

लायनेस क्लब बिलासपुर स्माईल व व्यापारी संघ के द्वारा लायंस क्लब के संस्थापक का जन्मदिन मनाया.. प्लास्टिक हटाओ धरती बचाओ, नारे के साथ कपड़ों की थैली का वितरण किया गया..

रायपुर।13 जनवरी को लायंस क्लब सेवा बिलासपुर, लायनेस क्लब बिलासपुर स्माईल एवं ग़ांधी चौक व्यापारी संघ के द्वारा लायंस क्लब के संस्थापक मेल्विंन जोन का जन्मदिन शाम 5 बजे ग़ांधी चौक में केक काटकर धूमधाम से मनाया गया।

इस कार्यक्रम में कपडों की थैली का ” प्लास्टिक हटाओ धरती बचाओ ” नारे के साथ कपड़ों की थैली का वितरण किया गया तथा सभी सदस्यों द्वारा यातायात के नियमों के बारे में जागरूक किया गया तथा इसके तहत पाम्लेट वितरण, वाहनों में रेडियम पट्टी लगाकर यातायात के नियमों के पालन करने की अपील की गई। इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से क्लब के अध्यक्ष महेश अग्रवाल, सचिव श्रीमती रीता राजगीर , प्रदीप राजगीर ( पुर्व उपाध्यक्ष हाई कोर्ट अधिवक्ता संघ ) निशेष शर्मा, सन्तोष पांडे, शशि भूषण , डॉ के के श्रीवास्तव, विष्णु गुप्ता,स्वेता सितानी, ईष्वरी शुर्यवंसी,सरिता यादव, शुष्मा तम्बोली, मंजू सिंह , रीतू सिंह, गाँधी चौक व्यापारी संघ से विनय सलूजा, नासिर खान, राजेश वलेचा, रवि ललवानी, रौनक साव, अशफ़ाक खान, सुंदर भाई, अजय जयसवाल आदि उपस्थित थे ।

The post लायनेस क्लब बिलासपुर स्माईल व व्यापारी संघ के द्वारा लायंस क्लब के संस्थापक का जन्मदिन मनाया.. प्लास्टिक हटाओ धरती बचाओ, नारे के साथ कपड़ों की थैली का वितरण किया गया.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

पहली बार नॉन कमिशन्ड रैंक में महिलाओं की भर्ती, 20% होगी महिला जवानों की संख्या

वर्तिका तोलानी. 6 जनवरी 2020 भारतीय सेना के लिए ऐतिहासिक तारीख बन गई है। इस दिन सेना के नॉन कमीशंड पदों पर भर्ती के लिए 99 महिलाओं के पहले बैच की ट्रेनिंग शुरू हुई है। सेना पुलिस में महिलाओं की जवान के तौर पर पहली बार भर्ती की जा रही है। अभी तक महिलाएं सिर्फ अधिकारी के तौर पर भर्ती की जाती हैं। भारतीय सेना में महिलाओं के प्रतिशत पर यदि नजर डालें तो 14 लाख सशस्त्र बलों के 65,000 अधिकारियों के कैडर में थल सेना में 1500, वायुसेना में 1600 और नौसेना में मात्र 500 ही महिलाएं हैं। सेना का लक्ष्य मिलिट्री पुलिस कैडर में महिलाओं की संख्या 20 प्रतिशत करना है। इसी क्रम में कॉर्प्स ऑफ मिलिट्री पुलिस (सीएमपी) में 99 महिलाओं के पहले बैच की ट्रेनिंग शुरु की गई है।

भारतीय सेना के इतिहास की यदि बात करें तो 15 जनवरी 1949 में फील्ड मार्शल केएम करियप्पा ने जनरल फ्रांसिस बुचर से भारतीय सेना की कमान ली थी। करियप्पा भारतीय सेना के कमांडर-इन-चीफ के साथ फील्ड मार्शल की रैंक हासिल करने वाले पहले ऑफिसर बन गए थे। इसलिए 15 जनवरी को हर साल आर्मी डे के रूप में मनाया जाता है। उस वक्त भारतीय थल सेना में करीब 2 लाख सैनिक थे। आज यह संख्या 17 लाख से भी ज्यादा है बावजूद इसके सेना में महिलाओं की भागीदारी बहुत कम है। नॉन कमिशन्ड रैंक में महिलाओं की भर्ती को बड़े बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। जिसके परिणाम स्वरूप विभिन्न चरणों में तकरीबन 1,700 महिलाओं को सीएमपी में शामिल करने की बात गर्वनमेंट सेंक्शन लेटर (जीएसएल) में कही गई है। यानी आने वाले समय में थल सेना में महिलाओं के लिए सुनहरे अवसर मिलने की संभावना है। ऐसे में आर्मी डे के अवसर पर कर्नल डॉ. गिरिजेश सक्सेना (रिटायर्ड) बता रहे हैं किस तरह सेना पुलिस में महिलाएं कॅरिअर बनाने के साथ देश सेवा में बढ़-चढ़कर भाग ले सकती हैं।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
For the first time women will be recruited in non-commissioned rank, the number of women jawans will be 20%

ब्रेकिंग:छत्तीसगढ में तम्बाकुयुक्त गुटखा, पान मसाला एवं गुड़ाखू पर प्रतिबंध.. प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने (जीएसटी) विभाग के सचिव को लिखा पत्र..

रायपुर। छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री  टी.एस. सिंहदेव ने प्रदेश में तम्बाकुयुक्त गुटखा, पान मसाला एवं गुड़ाखू पर प्रतिबंध लगाने के लिए वाणिज्यिक कर (जीएसटी) विभाग के सचिव को पत्र लिखा है।

उन्होंने आज लिखे पत्र में कहा है कि प्रदेश में तम्बाकुयुक्त गुटखा, पान मसाला एवं गुड़ाखू की बाजार में अवैध बिक्री हो रही है। इसे खाकर बड़ी संख्या में लोग दंत रोगों, कैंसर एवं अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं। शासन के स्वास्थ्य बजट पर भी इसका असर पड़ रहा है।श्री सिंहदेव ने पत्र में लिखा है , कई परीक्षणों से यह भी पुष्टि हुई है कि पान मसालों में अधिक मात्रा में मैग्नीशियम कॉर्बोनेट पाई गई है, जो सेहत के लिए बहुत हानिकारक है। इसलिए प्रदेश में तम्बाकुयुक्त गुटखा, पान मसाला एवं गुड़ाखू पर तत्काल प्रतिबंध लगाने पर विचार किया जाना चाहिए। उन्होंने पत्र में विशेष तौर पर रेखांकित किया है कि विधानसभा में भी इस पर चर्चा हुई थी और स्वयं विधानसभा अध्यक्ष ने तम्बाकू और गुटखा को प्रतिबंधित या नियंत्रित करने कहा था।

The post ब्रेकिंग:छत्तीसगढ में तम्बाकुयुक्त गुटखा, पान मसाला एवं गुड़ाखू पर प्रतिबंध.. प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने (जीएसटी) विभाग के सचिव को लिखा पत्र.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

JEE Advanced में बेहतर प्रदर्शन के लिए, जानें कैसे करें तैयारी

किसी भी व्यक्ति का भविष्य आगे किस तरफ जाएगा यह उसके द्वारा चुने गए करियर पर निर्भर करता है। इसलिए ये माना जाता है कि 10वीं और 12वीं में की गयी तैयारी व पढ़ाई आपके भविष्य की नींव रखने में आपकी बहुत मदद करती है। आधुनिक समय में शायद ही कोई ऐसा छात्र हो जिसे इंजीनियरिंग के करियर के बारे में न पता हो। ऐसे में हर दूसरे विद्यार्थी का ये सपना होता है कि वो इंजीनियरिंग में अपना करियर स्थापित करे। लेकिन इसमें अपना करियर बनाने के लिए इससे जुड़ी परीक्षाओं को भी पास करना जरूरी होता है।

इंजीनियरिंग में एडमिशन लेने के लिए कई प्रकार की परीक्षाएँ आयोजित की जाती हैं जिसमें JEE की परीक्षा नेशनल लेवल पर होने वाली कुछ परीक्षाओं में से एक है| बीते कुछ वर्षों से JEE की परीक्षाओं को 2 भागों में बाँट दिया गया है; JEE Main और JEE Advanced। JEE Main क्वालफाइ करने वाले छात्र ही JEE Advanced की परीक्षा दे सकते हैं। ऐसे में अगर आप भी इन परीक्षाओं के लिए तैयारी कर रहे हैं तो ये टिप्स आपको JEE की परीक्षाओं में सफलता दिला सकती हैं।

परीक्षा से पहले की तैयारी-


शारीरिक और मानसिक तौर पर रहें स्वस्थ-
किसी भी प्रकार की परीक्षा या सामान्य जीवन में शारीरिक और मानसिक रूप में स्वस्थ होना बेहद जरूरी है। खासकर विद्यार्थियों के लिए ये कहा जाता है कि उन्हें अपने खान- पान और सेहत का ज्यादा ध्यान रखना चाहिए ताकि वे सही ढंग से पढ़ाई कर सकें। ऐसे में जब बात हो JEE जैसी नेशनल परीक्षाओं की तो सेहत का ज्यादा ध्यान देना पड़ता है क्योंकि इस राष्ट्रीय स्तर वाली परीक्षा में हर वर्ष लाखों छात्र परीक्षा देते हैं। ऐसे में अगर छात्र शारीरिक और मानसिक रूप में सेहतमंद रहता है तब ही वो परीक्षा के लिए बेहतर तैयारी कर पाता है।

लास्ट मिनट की तैयारी से बचें –
कई बार ये देखा गया है कि घबराहट में आकर विद्यार्थी पेपर के कुछ समय पहले सब कुछ याद और समराइज़ करने में लग जाते हैं। इस तरह की तैयारी से छात्रों को कुछ भी हासिल नहीं होता बल्कि स्ट्रेस लेवल बढ़ जाता है। मनोविज्ञानिको की मानें तो “Last Minute Preparation” से मिलने वाला ज्ञान स्ट्रेस लेवल को बढ़ा देता है, जिससे पहले से तैयार किया हुआ कांसेप्ट पूरी तरह से याद नहीं रह पाता। इस वजह से इसका असर परीक्षा के बेहतर प्रदर्शन पर पड़ता है। इसलिए परीक्षा के कुछ दिन पहले से ही ऐसा रूटीन बना लेना चाहिए कि उस दौरान पहले से पढ़े हुये कांसेप्ट ही रिवाइज़ करें। इसके अलावा किसी भी नए सबजेक्ट या टॉपिक को न हाथ लगाएँ।


परीक्षा के दौरान रखें इन बातों का ध्यान-


रखें खुद पर भरोसा-
राष्ट्रीय स्तर पर होने वाले इस परीक्षा को लेकर विद्यार्थियों का घबराना कुछ हद तक लाज़मी भी है क्यूंकी यही परीक्षा आगे चल कर उनके करियर की राह को मजबूत करती है। लेकिन कई बार ये देख गया है कि बढ़ती प्रतिस्पर्धा के चलते कई छात्र परीक्षा के दौरान तनाव में आ जाते हैं जिस कारण कई बार आते हुये प्रश्नों के भी सही उत्तर नहीं दे पाते। इस तनाव की वजह से इसका असर उनकी परफ़ोर्मेंस पर पड़ता है। ऐसी स्थिति में छात्रों को खुद को शांत रखते हुए काम करना चाहिए। इसलिए हमेशा परीक्षा के दौरान व तैयारी करते समय सकारात्मक सोच रखनी चाहिए और शांत मन से परीक्षा में बैठना चाहिए। इस तरह के प्रयास से परीक्षा में भाग लेने वाले छात्रों को निश्चित रूप से सकारात्मक नतीजे प्राप्त करने में सहायता मिलती है।

टाइम मैनेजमेंट का रखें खास ध्यान-
टाइम मैनेजमेंट काफी हद तक आपकी अच्छी तैयारी को पूरा करता है। अगर आपको सभी प्रश्नों के उत्तर आते है लेकिन टाइम मैनेजमेंट में कमजोर हैं तो आपको विफलता का मुँह देखना पड़ सकता है। क्योंकि टाइम मैनेजमेंट की मदद से छात्र ज्यादा से ज्यादा प्रश्नों के उत्तर देने में सक्षम हो पाते हैं। ऐसे में अगर हम JEE ADVANCED के सिलेबस को ध्यान से देखें तो हर प्रश्न के लिए स्टूडेंट को लगभग 2 मिनट का समय मिलता है। इसलिए किसी एक प्रश्न पर ज्यादा समय लगे तो उसे छोड़ कर बाकी प्रश्नों पर ध्यान दें ताकि आपका समय ठीक ढंग से मैनेज हो सके।

मजबूत पहलू को पहले हल करें-
JEE की परीक्षा के दौरान अगर आप सफलता पाना चाहते हैं तो तैयारी के साथ परीक्षा देनें की कुछ खास टिप्स को भी समझना जरूरी है। पेपर को हल करते समय हमेशा उस सबजेक्ट को पहले चुनें जिसमें आपकी तैयारी सबसे अच्छी हो। इस तरह आप पेपर सही समय पर कर पाते हैं और जो विषय आपका मजबूत रहता है उस विषय के प्रश्न छूटने की संभावनाएँ भी कम हो जाती हैं। इसके साथ ही छात्र का आत्मविश्वास लंबे समय तक बरकरार रहता है जिससे परीक्षा में छात्र का प्रदर्शन बेहतर हो जाता है।

ऐसे में एक बेहतर तैयारी के लिए न केवल छात्र की लगन व मेहनत काम आती है बल्कि सफलता प्राप्त करने में एक कोचिंग या शिक्षण संस्थान का भी महत्वपूर्ण योगदान होता है जिससे छात्र के सफल होने की संभावनाएँ प्रबल हो जाती हैं। इसलिए बेहतर तैयारी के लिए हमेशा ऐसे इंस्टीट्यूट को चुनें जो आपकी कमजोरियों को दूर कर के आपको सभी विषयों में श्रेष्ठतर तैयारी करवाए और साथ ही आपके आत्मबल को भी मजबूत करे।

जहां JEE परीक्षा की बात आती है वहाँ छात्रों की जुबान पर सबसे पहले FIITJEE का ही नाम आता है जो बीते 28 वर्षों से सफल छात्रों की सौगात भारत की इंजीनियरिंग क्षेत्र को देता आ रहा है। आइए जानें क्या है खास इस इंस्टीट्यूट में जो इसे बाकी इंस्टीट्यूट से बेहतर बनाता है।

सक्षम व अनुभवी शिक्षकों की उपलब्धता-

FIITJEE की सफलता का मुख्य कारण सक्षम, अनुभवी और फुल-टाइम शिक्षकों की उपलब्धता है। जो यहाँ पढ़ने वाले छात्रों को सभी विषयों में एक बेहतर और सटीक शिक्षा प्रदान करती है। यहाँ पर पढ़ाने वाले सभी शिक्षकों कोFIITJEE फैकल्टी का हिस्सा बनने से पहले एक व्यवस्थित और मजबूत प्रशिक्षण प्रक्रिया को पार करना पड़ता है। इस कारण यहाँ पर पढ़ाने वाले सभी फैकल्टी मेम्बर न केवल सही ढंग से प्रशिक्षित होते हैं बल्कि छात्रों को भी एक मजबूत और व्यवस्थित शिक्षा देने में सक्षम होते हैं।

पैटर्न प्रूफ टीचिंग-

FIITJEE हमेशा छात्रों को मौलिक रूप से तैयार करता रहा है। FIITJEE एक व्यापक तरीके से पढ़ाने में विश्वास करता है ताकि छात्र IIT-JEE (पैटर्न के बावजूद), बोर्ड, NTSE, KVPY, ओलंपियाड और अन्य इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन करें। इस तरह से यहाँ पर पढ़ने वाले छात्र न केवल बेहतर शिक्षा प्राप्त कर पाते हैं बल्कि फंडामैंटल कान्सैप्ट को समझ कर हर लेवल की परीक्षा में सफलता हासिल कर पाते हैं। इसके साथ ही उन छात्रों से आगे निकल जाते हैं, जो अपनी तैयारी को केवल पैटर्न तक सीमित रखते हैं न कि फंडामैंटल कान्सैप्ट को समझने की कोशिश करते हैं।

पर्सनालाइज्ड कोचिंग-
FIITJEE में पढ़ने वाले सभी बच्चों को एक सामान शिक्षा देने के उद्देश्य से यहाँ छात्रों के विभिन्न बैच बनाए जाते हैं। इन सभी बैच में छात्रों की संख्या कम होती हैं ताकि ट्रेनिंग और पढ़ाई के दौरान शिक्षक द्वारा सभी छात्रों पर एक समान ध्यान दिया जा सके। इस तरह सभी स्टूडेंट्स को पर्सनालाइज्ड कोचिंग की सुविधा मिलती है और प्रत्येक छात्र हर विषय को बेहतर ढंग से समझ पाता है व सवालों में मुश्किल आने पर तुरंत समाधान प्राप्त कर पाता है।

उत्कृष्ट स्टडी मटेरियल-
FIITJEE में न केवल बेहतर शिक्षकों द्वारा शिक्षा प्रदान की जाती है बल्कि यहाँ छात्रों को अनुभवी शिक्षकों द्वारा तैयार किए गए स्टडी मटेरियल भी उपलब्ध करवाए जाते हैं। इसी स्टडी मटेरियल के बल पर कई छात्र हर परीक्षा में अपना बेहतर प्रदर्शन दे पाते हैं। यहाँ से पढ़ कर सफलता प्राप्त करने वाले छात्रों का ये मानना है कि FIITJEE में सभी विषयों के लिए शोध की गयी अध्ययन सामग्री मुहैया कराई जाती है। जिसकी बदौलत परीक्षा के समय घर बैठे भी सही तैयारी की जा सकती है।


तनाव मुक्त व सकारात्मक वातवरण-
FIITJEE में पढ़ाई के साथ यहाँ के वातावरण पर भी खास ध्यान दिया जाता है ताकि बढ़ती प्रतिस्पर्धा में भी छात्र तनाव मुक्त वातावरण में पढ़ाई कर सके। इसके साथ ही यहाँ छात्रों की कमज़ोरी पर ध्यान देते हुए उनकी कमजोर कड़ी को दूर किया जाता है ताकि मानसिक रूप से छात्र सकारात्मक रहे और अपनी समस्याओं को उजागर कर उसका हल प्राप्त कर सके।


तो अगर आप भी आने वाले JEE परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन के साथ सफलता हासिल करना चाहते हैं तो परीक्षा से पहले और परीक्षा के दौरान कुछ विशेष बातों का ध्यान रखें । इसके साथ ही अपनी बेहतर तैयारी की नींव मजबूत करने के लिए अपनी सूझबूझ से एक सही कोचिंग संस्थान को चुने जो आपको सफलता दिलाने में आपकी मदद करे।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
For better performance in JEE Advanced, learn how to prepare

ब्रेकिंग:दो प्रमुख सचिव रेणु पिल्ले और सुब्रत साहू को प्रमोशन.. दोनो सीनियर आईएएस को एडिशनल चीफ सिकरेट्री बनाया गया..

रायपुर।राज्य सरकार ने दो प्रमुख सचिवों रेणु पिल्ले और सुब्रत साहू को प्रमोशन देते हुए उन्हें एडिशनल चीफ सिकरेट्री बना दिया है।

राज्य सरकार ने दो प्रमुख सचिवों को पदोन्नत किया है। इनमें 91 बैच की रेणु पिल्ले और 92 बैच के सुब्रत साहू शामिल हैं।
एडिशनल सिकरेट्री बनने के बाद भी दोनों के विभाग यथावत रहेंगे। रेणु के पास कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा तथा रोजगार विभाग और सुब्रत साहू के पास गृह और पंचायत बना रहेगा

The post ब्रेकिंग:दो प्रमुख सचिव रेणु पिल्ले और सुब्रत साहू को प्रमोशन.. दोनो सीनियर आईएएस को एडिशनल चीफ सिकरेट्री बनाया गया.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

ब्रेकिंग:नये जिला गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के OSD पुलिस IPS सूरज सिंह को बनाया गया

रायपुर। राज्य सरकार ने नये जिला गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के विशेष कर्तव्यनिष्ठ अधिकारी(पुलिस) आई पी एस सूरज सिंह को बनाया गया है। सूरज सिंह अभी दंतेवाड़ा के एडिश्नल एसपी है। 2015 बैच के IPS दंतेवाड़ा से पहले कई अन्य जिलों में भी रह चुके हैं।

OSD की जिम्मेदारी निभाते तक वो बिलासपुर आईजी कार्यालय में अटैच रहेंगे और नये जिले की व्यवस्था देखेंगे। इस दौरान बिलासपुर एसपी के साथ कार्डिनेशन कर वो नये जिले में पुलिसिंग की पूरी व्यवस्था देंगे।

बता दे इससे पहले राज्य सरकार ने आईएएस शिखा राजपूत को नये जिले पेंड्रा गौरेला मरवाही का नया ओएसडी बनाया था।  2009 बैच की अफसर शिखा नये जिला पूर्ण अस्तित्तव में आ जाने के बाद जिले की कलेक्टर रहेगी।

The post ब्रेकिंग:नये जिला गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के OSD पुलिस IPS सूरज सिंह को बनाया गया appeared first on द न्यूज़ हंटर.

राजधानी नगर निगम के नये कमिश्नर IAS सौरभ कुमार..तायल बेमेतरा के कलेक्टर..आईएएस शिखा नये जिले पेंड्रा- मरवाही की OSD बनायी गई..

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राज्य सरकार ने नए अस्तित्व में आए जिला गौरेला-पेन्ड्रा-मरवाही में आईएएस शिखा राजपूत तिवारी को पदस्थ किया है। इससे पहले शिखा बेमेतरा जिले की कलेक्टर थीं। रायपुर नगर निगम में पदस्थ रहे आयुक्त शिव अनंत तायल को निगम की जिम्मेदारी से मुक्त करते हुए उन्हें बेमेतरा जिला का कलेक्टर बनाया है।

आईएएस अधिकारी सौरव कुमार का तबादला रायपुर नगर निगम में कर दिया गया है। उन्हें तायल की जगह सरकार ने आयुक्त की जिम्मेदारी सौंपी है. सौरव कुमार इससे पहले महिला एवं बाल विकास विभाग में संयुक्त सचिव के पद पर पदस्थ थे।

The post राजधानी नगर निगम के नये कमिश्नर IAS सौरभ कुमार..तायल बेमेतरा के कलेक्टर..आईएएस शिखा नये जिले पेंड्रा- मरवाही की OSD बनायी गई.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

छत्तीसगढ़ के व्यापार और उद्योग जगत में नहीं, नक्सलियों की भर्ती में आयी मंदी: CM भूपेश बघेल..मुख्यमंत्री ने TV एंकर की चुनौती स्वीकारी, कार्यक्रम के दौरान हथेली पर चलाया भौंरा..

हम नक्सली क्षेत्रों में लोगों को हल पकड़ा रहे हैं, रोजगार से जोड़ रहे हैं, नहीं तो वे बंदूक पकडे़ंगे

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज एनडीटीव्ही द्वारा आयोजित ’देश का नया विश्वास छत्तीसगढ़’ कार्यक्रम में राज्य सरकार के काम-काज, सरकार के विजन और राष्ट्रीय परिदृश्य पर विचार-विमर्श कर रहे थे। इस दौरान टीव्ही एंकर ने अचानक मुख्यमंत्री से पूछा कि क्या वे भौंरा चलाकर दिखा सकते हैं। एंकर ने अपनी जेब से भौंरा निकालकर मुख्यमंत्री को दिया। श्री बघेल ने बात-चीत के दौरान भौंरें पर डोरी लपेटी और मंच पर ही बड़ी आसानी से भौंरा चलाकर दिखाया, उन्होंने भौंरे को अपनी हथेली पर लेकर नचाया ।नजारा देख तालियों की गड़गड़ाहट से पूरा हाल गूंज गया।

इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि राज्य सरकार की पिछले एक वर्ष की योजनाओं से छत्तीसगढ़ के व्यापार और उद्योग जगत में नया उछाल आया है। छत्तीसगढ़ मंदी के प्रभाव से अछूता रहा है। छत्तीसगढ़ के व्यापार और उद्योग जगत में नहीं, बल्कि नक्सलियों की भर्ती में मंदी आयी है। उन्हें भर्ती के लिए लोग नही मिल रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य प्रत्येक व्यक्ति का विकास है। नक्सल प्रभावित क्षेत्र में लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य की बेहतर सुविधाओं के साथ सुरक्षा देने का काम राज्य सरकार कर रही है। हम लोगों को रोजगार से जोड़ रहे हैं। उन्हें हल पकड़ा रहे हैं, नही तो वे बंदूक पकड़ेंगे। मुख्यमंत्री ने इस आशय के विचार आज यहां एक निजी होटल में एनडीटीव्ही द्वारा आयोजित कार्यक्रम ’देश का नया विश्वास छत्तीसगढ़’ में व्यक्त किए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नई सरकार के गठन के बाद किसानों के कर्ज माफ किए गए, 2500 रूपए प्रति क्विंटल पर धान की खरीदी की गई, तेंदूपत्ता संग्रहण की पारिश्रमिक बढ़ाकर चार हजार रूपए प्रति मानक बोरा किया गया। 15 लघु वनोपजों की समर्थन मूल्य पर खरीदी प्रारंभ की गई। लोगों को छोटे-छोटे रोजगारों से जोड़ने का काम किया गया। बिजली बिल हाफ किया गया, दंतेवाड़ा, सुकमा और बीजापुर में 200 स्कूल प्रारंभ किए गए, दूरस्थ अंचलों में स्थित हाट बाजारों में मुख्यमंत्री स्वास्थ्य क्लिनिक योजना प्रारंभ की गई, महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर पूरे प्रदेश में सुपोषण अभियान प्रारंभ किया गया। वित्तीय समावेशन और कौशल विकास के क्षेत्र में देश के आंकांक्षी जिलों में छत्तीसगढ़ का नारायणपुर जिला प्रथम स्थान पर है। नीति आयोग द्वारा माह नवंबर 2019 के लिए जारी डेल्टा रेंकिंग में नारायणपुर सहित छत्तीसगढ़ के तीन जिले टाप पांच जिलों में शामिल हैं। नीति आयोग की डेल्टा रेंकिंग में राजनांदगांव जिला तीसरे और सुकमा जिला पांचवें स्थान पर है। कुपोषण मुक्ति की दिशा में किए गए विशेष प्रयास से कुपोषण मुक्ति अभियान में उल्लेखनीय उपलब्धि के लिए देश के 115 आकांक्षी जिलों में से दन्तेवाड़ा जिले को सिल्वर स्कॉच अवार्ड से सम्मानित किया गया।
श्री बघेल ने कहा कि राज्य सरकार की योजनाओं से प्रदेश के ऑटोमोबाईल सेक्टर में 25 प्रतिशत की ग्रोथ हुई है, जबकि पूरे देश में इस सेक्टर में 19 प्रतिशत की गिरावट आयी है। इसी प्रकार रियल इस्टेट में दोगुनी, सराफा में 84 प्रतिशत और टेक्सटायील सेक्टर में 30 प्रतिशत की ग्रोथ हुई है। इसका कारण यह है कि आम आदमी, किसान, आदिवासी और मजदूरों की जेब में पैसा आया, जिससे छत्तीसगढ़ में व्यापार और उद्योग जगत फल-फूल रहा है। प्रदेश में बेरोजगारी में भी कमी आयी है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की नई उद्योग नीति में प्रदेश के पिछड़े क्षेत्रों में उद्योग लगाने पर अनेक रियायतें और सुविधाएं देने के प्रावधान किए गए हैं। राज्य सरकार द्वारा प्रदेश की प्राचीन और गौरवशाली संस्कृति को बढ़ावा देने के प्रयासों से लोगों को पिछल 19 वर्षों में पहली बार यह लग रहा है कि छत्तीसगढ़ राज्य उनका है। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के आयोजन से छत्तीसगढ़ की संस्कृति को देश और दुनिया में पहचान मिली।
श्री बघेल ने कहा कि राज्य सरकार के कामों से लोगों में राज्य सरकार के प्रति विश्वास कायम हुआ है। राज्य सरकार नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में लोगों का विश्वास हासिल करने के साथ-साथ, उस क्षेत्र के विकास और लोगों को सुरक्षा प्रदान करने की नीति पर काम कर रही है। राज्य में नक्सल घटनाओं में 40 प्रतिशत की कमी आयी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर में इस्पात संयंत्र के लिए लगभग 1700 आदिवासियों और किसानों से अधिग्रहित की गई 4200 एकड़ जमीन उन्हें वापस कर दी है। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में छोटे-छोटे अपराधों में जेलों में बंद किए गए लोगों को रिहा करने के लिए जस्टिस पटनायक की अध्यक्षता में समिति गठित की गई है, जिसकी अनुशंसा पर लोगों को लोगों को रिहा करने की कार्रवाई प्रारंभ की गई है। बस्तर में तृतीय और चतुर्थ श्रेणी के पदों पर स्थानीय युवाओं की भर्ती का निर्णय लिया गया है। वन अधिकार कानून के तहत वन क्षेत्रों के निवासियों को व्यक्तिगत और सामुदायिक वन अधिकार पट्टे देने का काम प्रारंभ किया गया है।

The post छत्तीसगढ़ के व्यापार और उद्योग जगत में नहीं, नक्सलियों की भर्ती में आयी मंदी: CM भूपेश बघेल..मुख्यमंत्री ने TV एंकर की चुनौती स्वीकारी, कार्यक्रम के दौरान हथेली पर चलाया भौंरा.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.

राजधानी रायपुर में तीन दिवसीय युवा उत्सव का रंगारंग आगाज..राज्यपाल अनुसुईया उइके और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दीप प्रज्जवलित कर किया शुभारंभ..

       

रायपुर। राजधानी रायपुर में आज तीन दिवसीय युवा उत्सव कार्यक्रम का रंगारंग आगाज किया गया इस अवसर पर राज्यपाल अनुसुईया उइके और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दीप प्रज्जवलित कर किया शुभारंभ।

इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डाॅ. चरण दास महंत, कषि मंत्री रविन्द्र चौबे, महिला एवं बाल विकास मंत्री अनिला भेंडिया, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री उमेश पटेल, वन मंत्री मोहम्मद अकबर, राजस्व मंत्री जय सिह अग्रवाल, खाद्य मंत्री अमरजीत भगत, विधानसभा उपाध्यक्ष मोहन मंडावी, विधायक बृजमोहन अग्रवाल, कुलदीप जुनेजा, विकास उपाध्याय, महापौर एजाज ढेबर, भारत के सुप्रसिद्ध मुक्केबाज और ओलंपिक पदक विजेता विजेन्दर सिंह सहित प्रदेश भर से आए सात हजार युवा और बड़ी संख्या में नागरिकगण उपस्थित थे

The post राजधानी रायपुर में तीन दिवसीय युवा उत्सव का रंगारंग आगाज..राज्यपाल अनुसुईया उइके और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दीप प्रज्जवलित कर किया शुभारंभ.. appeared first on द न्यूज़ हंटर.